भारत और इंग्लैंड के बीच खेली जा रही वनडे सीरीज के दूसरे मुकाबले से पहले भारतीय क्रिकेट खेमे से एक बड़ी खबर सामने आ रही है। टीम इंडिया के युवा और उभरते हुए तेज गेंदबाज गुरनूर बराड़ (Gurnoor Brar) को इंटरनेशनल क्रिकेट काउंसिल (ICC) ने आचार संहिता (Code of Conduct) का उल्लंघन करने का दोषी पाया है। भारतीय गेंदबाज को अंतर्राष्ट्रीय क्रिकेट परिषद ने कड़ी सजा सुनाई है। यह घटना बर्मिंघम में खेले गए पहले वनडे मैच के दौरान हुई थी, जहां भारतीय गेंदबाज गुरनूर बराड़ और इंग्लैंड के सलामी बल्लेबाज बेन डकेट के बीच मैदान पर तीखी नोकझोंक हुई थी। आइए इस पूरे मामले को विस्तार से समझते हैं।

क्यों मिली गुरनूर बराड़ को सजा और क्या है ICC का आर्टिकल 2.9?
आईसीसी ने गुरनूर बराड़ के खिलाफ एक आधिकारिक बयान जारी किया है, जिसमें उन्हें खिलाड़ियों और सहयोगी स्टाफ के लिए बनाई गई आईसीसी आचार संहिता के नियम 2.9 का उल्लंघन करने का दोषी पाया गया है। तो यह नियम 2.9 क्या है?
आईसीसी के नियमों के अनुसार, नियम 2.9 किसी खिलाड़ीया अंपायर की ओर अनुचित और खतरनाक तरीके से गेंद फेंकने से संबंधित है। यदि कोई गेंदबाज जानबूझकर या आक्रामक रूप से बल्लेबाज की ओर गेंद फेंकता है जब बल्लेबाज रन लेने का प्रयास नहीं कर रहा हो, तो यह खेल भावना के विपरीत माना जाता है।
मैच रेफरी ने गुरनूर बराड़की इस हरकत को बेहद अनुचित और खतरनाक माना। इसके परिणामस्वरूप, भारतीय गेंदबाज के अनुशासनात्मक रिकॉर्ड में एक डिमेरिट पॉइंट जोड़ दिया गया है। चूंकि यह गुरनूर का पहला अपराध था, इसलिए उन पर मैच फीस का जुर्माना लगाने के बजाय आधिकारिक फटकार और डिमेरिट पॉइंट देकर छोड़ दिया गया।
Gurnoor Brar Ben Duckett Incident: बर्मिंघम वनडे में आखिर क्या हुआ था?
यह घटना बर्मिंघम में हुए पहले वनडे मैच के दौरान इंग्लैंड की पारी के 8वें ओवर में हुई। उस समय इंग्लैंड की टीम पहले बल्लेबाजी कर रही थी और भारतीय कप्तान ने गेंद गुरनूर बराड़ को दी थी। क्रीज पर इंग्लैंड के आक्रामक बल्लेबाज बेन डकेट मौजूद थे।
ओवर की 5वीं गेंदपर यह घटना हुई: 8वें ओवर की पांचवीं गेंद पर बेन डकेट ने गेंद को रक्षात्मक तरीके से खेलते हुए सीधे गेंदबाज गुरनूर बराड़ की तरफ पुश किया।
यहभी पढ़े : Indian Athletics: AFI ने बदला घरेलू ट्रैक एंड फील्ड प्रतियोगिताओं का शेड्यूल
गुरनूर का आक्रामक थ्रो: डकेट अपनी क्रीजमें ही खड़ेथे और रन लेने की कोशिश नहीं कर रहे थे। फिर भी, गुरनूर ने गेंद को फील्ड किया और सीधे डकेट की तरफ जोर से थ्रो कर दिया। गेंद डकेट को लग सकती थी, जिससे दोनों खिलाड़ियों के बीच बहस शुरू हो गई।
डकेट का करारा जवाब: इस घटना का वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हो रहा है। गुरनूर के थ्रो से डकेट नहीं डरे। उन्होंने अगली गेंद पर शानदार शॉट लगाते हुए गुरनूर बराड़ को एक बड़ा छक्का जड़ दिया, जिसे फैंस डकेट का शानदार जवाब कह रहे हैं।
डिमेरिट पॉइंट्स का क्या है नियम और क्या गुरनूर बराड़ पर लग सकता है बैन?
आईसीसी की आचार संहिता के तहत लेवल 1 के अपराधों के लिए एक तय प्रक्रिया होती है। नियमों के अनुसार, जब किसी खिलाड़ी को पहली बार दोषी पाया जाता है, तो उसे फटकार लगाई जा सकती है या उसकी मैच फीस का अधिकतम पचास प्रतिशत तक जुर्माना लगाया जा सकता है। इसके साथ ही खिलाड़ी को एक या दो डिमेरिट पॉइंट्स दिए जाते हैं।
गुरनूर बराड़ को फिलहाल एक डिमेरिट पॉइंट मिला है, लेकिन अगर वह आने वाले समय मे ऐसी गलतियां दोहराते हैं, तो उन पर बैन का खतरा हो सकता है। आईसीसी के नियम इस प्रकार हैं:
यदि किसी खिलाड़ी को चौबीस महीने के अंतरालमें चार या उससे अधिक डिमेरिट पॉइंट्स मिल जाते हैं, तो उन्हें सस्पेंशन पॉइंट्स में बदल दिया जाता है।दो सस्पेंशन पॉइंट्स का मतलब होता है कि खिलाड़ी पर बैन लगा दिया जाएगा।इस बैन के तहत खिलाड़ी को एक टेस्ट मैच, दो वनडे मैच या दो टी-20 इंटरनेशनल मैचों से बाहर बैठना पड़ सकता है, जो भी मैच पहले खेले जाने हों। इसलिए, गुरनूर बराड़ को आगामी मैचों में अपने व्यवहार पर विशेष ध्यान देना होगा, ताकि वह किसी बड़े प्रतिबंध से बच सकें।
मैच में कैसा रहा गुरनूर बराड़ का प्रदर्शन?
गुरनूर बराड़ मैदान पर अपने गुस्से पर काबू नहीं रख पाए, लेकिन गेंद के साथ उनका प्रदर्शन उतार-चढ़ाव से भरा रहा, फिर भी असरदार रहा। अपने स्पेल की शुरुआत में गुरनूर थोड़े महंगे साबित हुए और उन्होंने अपने पहले 2 ओवरों में ही 29 रन दे दिए। ऐसा लग रहा था कि इंग्लिश बल्लेबाज उन पर पूरी तरह हावी हो गए हैं।
हालांकि, इस युवा तेज गेंदबाज ने मैच में शानदार वापसी की। उन्होंने एकही ओवर में खतरनाक दिख रहे बेन डकेट और जैकब बैथेल को आउट करके इंग्लैंड की बल्लेबाजी को कमजोर कर दिया। गुरनूर ने अपने कुल 9 ओवरों के स्पेल में 61 रन देकर 2 महत्वपूर्ण विकेट चटकाए। भारत के लिए उनका यह स्पेल काफी गेम-चेंजिंग साबित हुआ, लेकिन मैचके बाद आईसीसी की इस सजा ने उनकी इस सफलता के रंग में थोड़ा भंग डाल दिया है। अब देखना होगा कि सीरीज के दूसरे वनडे में गुरनूर इस विवाद को पीछे छोड़कर किस तरह का प्रदर्शन करते हैं।





